अब राशन दुकानों से सस्ते दर पर मिलेंगी दालें
नई दिल्ली। देश में दलहनों के भंडारण की समस्या और इसके रकबे में हुयी वृद्धि से उत्पादन बढ़ने के कारण केन्द्र सरकार ने राज्यों को जन वितरण प्रणली के माध्यम से लोगों को दालें उपलब्ध कराने के लिए प्रति किलो 15 रुपये की सब्सिडी देने का निर्णय लिया है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में गुरूवार को यहां हुयी मंत्रिमंडल की आर्थिक मामलों की समिति की बैठक में मूल्य समर्थन योजना के तहत किसानों से खरीदी गयी दलहनों को राज्यों को जारी करने को मंजूरी दी गयी । समर्थन मूल्य योजनाओं (पीएसएस) के तहत खरीदे गये दलहन को विभिन्न कल्याण योजनाओं के लिए भी राज्यों/केन्द्र शासित प्रदेशों को कम दर पर जारी किया जाएगा।

इस निर्णय से राज्य/केन्द्र शासित प्रदेश जन वितरण प्रणाली, मिड-डे मिल जैसी कल्याण योजनाओं में दलहन का इस्तेमाल कर सकेंगे जिससें खरीफ मौसम के दौरान किसानों से खरीदी जाने वाली दलहनों के भंडारण के लिए गोदामों उपलब्धता हो सकेगी।

इस योजना के तहत राज्य वर्तमान थोक बाजार मूल्य से 15 रुपये प्रति किलोग्राम की कम दर के आधार पर 34.88 लाख टन अरहर , चना, मसूर, मूंग और उड़द दाल ले सकेंगे। यह योजना पहले आओ पहले पाओ के आधार पर होगी। इस दलहन को मिड-डे मिल, जन वितरण प्रणाली, एकीकृत बाल विकास कार्यक्रम इत्यादि जैसी कल्याण योजनाओं में इस्तेमाल किया जा सकेगा । यह उपलब्धता 12 महीने की अवधि या 34.88 लाख मीट्रिक टन दलहन पूर्ण रूप से प्राप्त करने, जो भी पहले हो, के आधार पर होगी। सरकार इस योजना के कार्यान्वयन के लिए 5237 करोड़ रुपये खर्च करेगी।

समर्थन मूल्य योजना के तहत केन्द्र सरकार ने खरीफ 2017 और रबी 2018 विपणन मौसम के दौरान दलहनों की रिकॉर्ड 45.43 लाख टन की खरीदारी की गई। खरीफ मौसम में दलहन का उत्पादन बेहतर होने की आशा है।

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